पटना: बिहार में नई सरकार के शपथ ग्रहण का राजधानी पटना (Nitish Oath Ceremony) का गांधी मैदान सियासी उत्साह और उत्सव के रंग में रंगा दिखा। लगातार दसवीं बार मुख्यमंत्री बने नीतीश कुमार के साथ पूरा NDA नेतृत्व आज ऐतिहासिक पल का गवाह बना। गुरुवार सुबह BJP और JDU नेताओं ने मीडिया से बात करते हुए साफ कहा कि यह जीत केवल सत्ता की नहीं, बल्कि जनता के भरोसे और विकास की राजनीति की जीत है।
NDA की बड़ी जीत पर सम्राट चौधरी का बयान
बिहार भाजपा के वरिष्ठ नेता सम्राट चौधरी ने कहा कि जनता ने 20 साल से जो आशीर्वाद दिया है, उसे NDA लगातार निभाता आ रहा है और आगे भी बिहार के विकास का काम तेज रफ्तार से जारी रहेगा। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी शपथ समारोह में शामिल हुए, जो बिहार की राजनीति के लिए एक बड़ा संदेश है। सम्राट चौधरी ने कहा कि बिहार की जनता ने NDA को ऐतिहासिक समर्थन दिया है। यह भरोसा हमारा हौसला बढ़ाने वाला है, और हम विकास के अपने वादों पर पूरी गंभीरता से काम करेंगे।
वहीं, भाजपा नेता नितिन नवीन ने इस जीत को NDA की बड़ी उपलब्धि बताते हुए कहा कि यह सिर्फ सरकार बनाने का मौका नहीं, बल्कि जनता द्वारा दिए गए भरोसे को आगे बढ़ाने का संकल्प है। नितिन नवीन ने कहा कि नीतीश जी का 10वीं बार शपथ लेना खुद में एक ऐतिहासिक क्षण है। जनता ने जबरदस्त बहुमत दिया है, यह विकास के एजेंडे पर उनकी विश्वास का प्रमाण है।
डबल इंजन सरकार को मिला जनादेश: विजय सिन्हा
भाजपा नेता विजय कुमार सिन्हा ने भी साफ कहा कि यह चुनाव परिणाम प्रधानमंत्री मोदी और नीतीश कुमार की डबल इंजन सरकार पर जनता के विश्वास की मुहर है। उन्होंने कहा कि जनता ने साफ कर दिया है कि बिहार को मजबूत नेतृत्व और स्थिर सरकार की आवश्यकता है। लोक जनशक्ति पार्टी (राम विलास) की सांसद शंभवी चौधरी ने NDA की जीत को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि यह क्षण सिर्फ राजनीति का नहीं, बल्कि लोगों की मेहनत, उम्मीदों और विश्वास का परिणाम है। उन्होंने कहा कि खुशी तो है ही, पर उससे बड़ी जिम्मेदारी भी है। जनता को अब और बेहतर काम की उम्मीद है।

JDU नेता बोले-लोगों ने नीतीश जी पर फिर भरोसा जताया
जेडीयू के वरिष्ठ नेता अशोक चौधरी ने नीतीश कुमार के नेतृत्व की तारीफ करते हुए कहा कि जनता ने एक बार फिर उन्हें बड़ा जनादेश देकर साफ कर दिया कि स्थिर और अनुभवी नेतृत्व ही राज्य की दिशा तय कर सकता है।
गांधी मैदान फिर बना ऐतिहासिक मंच
पटना का गांधी मैदान आज एक बार फिर राजनीतिक इतिहास का साक्षी बनने जा रहा है। यहीं 2005, 2010 और 2015 में भी नीतीश कुमार ने शपथ ली थी। यही वह मैदान है जहाँ 1974 में जयप्रकाश नारायण ने ‘पूर्ण क्रांति’ का नारा दिया था।

कैसे बनी NDA सरकार – चुनावी गणित
2025 के विधानसभा चुनाव NDA के लिए रिकॉर्ड तोड़ साबित हुए।
कुल सीटें जीतीं: 202 / 243
- बीजेपी: 89
- जेडीयू 85
- एलजेपी (RV): 19
- हम (से.): 5
- राष्ट्र लोक मोर्चा: 4
महागठबंधन सिर्फ 35 सीटों पर सिमट गया। इतना विशाल बहुमत NDA ने पहले 2010 में हासिल किया था, जब उसने 206 सीटें जीती थीं।
67.13% वोटिंग-महिलाओं की भागीदारी सबसे आगे
चुनाव आयोग के आंकड़ों के मुताबिक इस बार मतदान प्रतिशत 67.13 रहा, जो 1951 के बाद सबसे ज्यादा है। महिलाओं की मतदान भागीदारी पुरुषों से काफी अधिक रही थी।
- महिलाएं: 71.6%
- पुरुष: 62.8%
NDA की ऐतिहासिक जीत और नीतीश कुमार का दसवां कार्यकाल बिहार में आने वाले वर्षों के लिए नई उम्मीदें जगाता है। सभी दलों और नेताओं के बयानों में एक बात साफ दिखाई दी। विकास, स्थिरता और जनता के भरोसे को केंद्र में रखकर नया शासन आगे बढ़ेगा।




